किशोरों का बिस्तर गीला करना (शय्यामूत्र)
Shayyamutra (शय्यामूत्र)
गहरी तंद्रा व अपान वायु की निर्बलता से सोते समय पेशाब का छूट जाना।
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Shayyamutra (शय्यामूत्र)
गहरी तंद्रा व अपान वायु की निर्बलता से सोते समय पेशाब का छूट जाना।
Bastishula (बस्तिशूल)
अपान वात के प्रकोप से मूत्राशय की दीवारों में अचानक तीव्र संकोच व मरोड़ होना।
Mutrakrichchhra (मूत्रकृच्छ्र)
पित्त के तीखेपन से मूत्रनली में जलन होना व कष्टपूर्वक मूत्र का निकलना।
Vrikka Kleda (वृक्क क्लेद)
गुर्दे द्वारा रक्त की सफाई मंद होने से यूरिया व क्रिएटिनिन का रक्त में बढ़ना।
Bahumutrata (बहुमूत्रता)
कफ व वात की शिथिलता से मूत्राशय की धारण शक्ति कमजोर होना व बार-बार पेशाब आना।
Phenila Mutra (फेनिल मूत्र)
गुर्दे की छानने वाली जाली कमजोर होने से रक्त के पोषक प्रोटीन का पेशाब में बहना।
Ashmari (अश्मरी)
कफ व वात के संयोग से मूत्र संस्थान में पथरी का बनना व मूत्र मार्ग में रुकावट।
Vrikkashula (वृक्कशूल)
गुर्दे के चारों ओर तनाव व अपान वात के अवरोध से पीठ के दोनों तरफ गहरा दर्द।
Mutraghata (मूत्राघात)
अपान वायु के रुकने से मूत्राशय में मूत्र का अवरुद्ध होना व बूंद-बूंद टपकना।
Mehana Kandu (मेहन कण्डू)
मूत्र में लवणों की अधिकता या फंगस के कारण मूत्रनली के भीतर खुजली व जलन।
Mutrasanga / Ashakta Basti (मूत्र असंयम)
पेल्विक मांसपेशियों व मूत्राशय के वाल्व की कमजोरी से पेशाब पर नियंत्रण खोना।
Mutrashaya Shotha (मूत्राशय शोथ)
मूत्राशय में संक्रमण व सूजन होने से बार-बार व कष्ट से पेशाब आना।