छाया ग्रह राहु-केतु एवं पूर्व कर्म आधारित पितृ दोष व कालसर्प दोष जीवन में अप्रत्याशित बाधाएं, मानसिक भ्रम व कार्यों में विलंब लाते हैं। शास्त्रों में इनके शमन हेतु बहते जल में नारियल प्रवाह, चांदी के नाग-नागिन का दान, श्वानों व पक्षियों को आहार और भगवान शिव का जलाभिषेक अत्यंत प्रभावी बतलाया गया है।
Rahu in 4th Varshphal के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: वर्षफल में राहु चौथे हो तो घर में कोयला बोरी, भूमिगत भट्टी/तंदूर या असुरक्षित भूमिगत जल संरचना न रखे…
Rahu in 5th child problem के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: संतान समस्या में 43 दिन धार्मिक स्थान पर बादाम चढ़ाएँ।
Rahu in 5th Varshphal के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: वर्षफल में भी राहु पाँचवें आए तो पहले से बादाम बहते जल में अर्पित करें।
Rahu in 5th childlessness के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: यदि संतान बाधा इस स्थिति से जुड़ी हो तो पत्नी के साथ विवाह संस्कार प्रतीक रूप में दोबारा करें।
Rahu in 6th with weak Mars के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: मंगल कमजोर हो और रक्त संबंधी समस्या दिखे तो लाल रंग की सिक्का-गोली रखें और पारंपरिक उपाय भी लें…
Rahu in 7th early marriage के लिए यह सरल लाल किताब उपाय कहता है: 21 वर्ष या पहले विवाह हुआ हो तो गोल चांदी पात्र में गंगाजल और चांदी टुकड़ा रखें; वर्षफल नियम अन…
इस मंच पर प्रस्तुत सभी उपाय, मंत्र, टोटके, रत्न एवं वास्तु सुझाव प्राचीन वैदिक, लाल किताब, शाबर एवं पारंपरिक लोक ग्रंथों के अध्ययन पर आधारित हैं। इन्हें आध्यात्मिक मार्गदर्शन, श्रद्धा एवं आत्म-सुधार हेतु प्रदान किया गया है।
यह उपाय किसी भी प्रकार की चिकित्सीय (Medical), कानूनी (Legal), मनोवैज्ञानिक या वित्तीय (Financial) सलाह का विकल्प नहीं हैं। शारीरिक या मानसिक अस्वस्थता, कानूनी विवाद अथवा वित्तीय संकट में सदैव लाइसेंस प्राप्त योग्य पेशेवर से परामर्श लें।
हम किसी चमत्कार, तांत्रिक अनुष्ठान, या परिणाम की 100% गारंटी का दावा नहीं करते। उपाय का प्रभाव व्यक्तिगत कर्म, निष्ठा, सात्विक भाव एवं ईश्वरीय इच्छा पर निर्भर करता है।
उपाय करते समय पूर्ण स्वच्छता, सात्विकता व दूसरों के प्रति सद्भाव रखें। किसी भी उपाय के प्रयोग का अंतिम उत्तरदायित्व पाठक एवं साधक के व्यक्तिगत विवेक पर होगा।